Magh maas

Magh Maas – देश और विश्व के लिए कैसा रहेगा माघ मास, देखें

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Magh Maas – माघ मास 4 जनवरी से शुरू होगा और 1 फरवरी तक रहेगा। इस दौरान कुल 5 रविवार पड़ेंगे।

Magh Maas

ज्योतिषाचार्य राकेश व्यास के अनुसार इस अवधि में देश और दुनिया में राजनीतिक, सामाजिक तथा आर्थिक स्तर पर उथल-पुथल के संकेत मिल रहे हैं।

ज्योतिषाचार्य व्यास के अनुसार माघ मास में चतुरग्रही योग के साथ सूर्य और मंगल पर शनि की दृष्टि पड़ने से जन-उपयोगी आवश्यक वस्तुओं के दामों में वैश्विक स्तर पर तेजी देखी जा सकती है।

विशेषकर कुछ खाद्य पदार्थों और तेल की कीमतों में वृद्धि से आम जनता में आक्रोश की स्थिति बन सकती है।

उनके अनुसार इस अवधि में पूर्व एशिया में राजभंग, युद्ध, अग्निकांड जैसी घटनाएं सामने आ सकती हैं। वहीं वैश्विक राजनीतिक वातावरण आंदोलित रहने के संकेत हैं।

प्राकृतिक प्रकोपों से जान-माल के नुकसान के साथ किसी वरिष्ठ और प्रतिष्ठित व्यक्तियों के निधन की खबरें भी सामने आ सकती हैं।

Magh Maas – देश के संदर्भ में ज्योतिषाचार्य व्यास का कहना है कि राजनीतिक और सामाजिक माहौल विक्षुब्ध एवं अशांत रह सकता है।

सत्ता और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज होंगे और संसदीय परंपराओं को नुकसान पहुंचने की आशंका है।

विदेशी असामाजिक तत्वों द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से सांप्रदायिक विद्वेष फैलाने के प्रयास भी बढ़ सकते हैं।

Magh Maas – माह के मध्य तक सूर्य, मंगल, बुध और शुक्र पर गुरु एवं शनि की संयुक्त दृष्टि के कारण खंड वर्षा, प्राकृतिक आपदाएं और राजनीतिक षड्यंत्र सामने आ सकते हैं।

कुछ राज्यों में शासन परिवर्तन के योग भी बन रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पश्चिमी देशों और मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में युद्ध जैसी स्थिति बनने की संभावना है।

इसके साथ ही आम लोगों में असुरक्षा और भय का माहौल, हिंसा, विस्फोट और अग्निकांड जैसी घटनाओं की आशंका है।

ज्योतिषाचार्य व्यास के अनुसार विश्व शांति के लिए यह समय अनुकूल नहीं है। अमेरिका में पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को विरोध का सामना करना पड़ सकता है।

कुल मिलाकर माघ मास में वैश्विक और राष्ट्रीय स्तर पर अस्थिरता, तनाव और चुनौतियों का दौर रहने की संभावना है।

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