कोलकाता। कोलकाता में अंतिम चरण के चुनाव से पहले नकदी के लेनदेन को रोकने के लिए विशेष तौर पर सतर्क कोलकाता पुलिस की खुफिया टीम ने दो अलग-अलग जगहों से 1.05 करोड़ की नकदी के साथ तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। इनकी गिरफ्तारी मंगलवार अपराहन से देर रात तक हुई है।
बुधवार अपराह्न इस बारे में कोलकाता पुलिस के संयुक्त आयुक्त अपराध प्रवीण त्रिपाठी ने बताया कि पहली गिरफ्तारी मंगलवार अपराह्न 2:30 बजे के करीब बड़ाबाजार थाना इलाके के स्टैंड रोड से हुई।
यहां संदिग्ध तरीके से घूम रहे दो लोगों के बारे में खुफिया टीम को सूचना मिली थी। इसके बाद मौके पर पहुंचकर इन्हें चारों तरफ से घेर लिया गया था। इनकी तलाशी लेने पर उनसे 65 लाख नगद बरामद किए गए। स्थानीय लोगों की मौजूदगी में वीडियो रिकॉर्ड कर ये नकदी जब्त की गई। ये दोनों लोग मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं।
प्रवीण त्रिपाठी ने बताया कि इनमें से एक आरोपित की पहचान 29 वर्षीय कुणाल कुमार के तौर पर हुई है जो बिहार के बेगूसराय जिले के बेगूसराय थाना अंतर्गत मुंगेरीगंज का निवासी है।
दूसरे आरोपित की पहचान राहुल कुमार के तौर पर हुई है। 27 वर्षीय राहुल खगड़िया थाना क्षेत्र के एसडीओ रोड का रहने वाला है।
इन लोगों ने इस रुपये को कोलकाता में क्यों पहुंचाया था, इसके लिए पूछताछ की जा रही है। माना जा रहा है कि चुनावी इस्तेमाल के लिए इस रुपये को मंगाया गया था। किसने इसे मंगाया था, यह जानने के लिए दोनों से गहन पूछताछ की जा रही है।
एक दूसरे मामले में पुलिस ने स्ट्रैंड रोड से ही शाम के समय एक और शख्स को गिरफ्तार किया, जिसके पास से 35.05 लाख नकदी बरामद किए गए हैं। आरोपित की पहचान मोहन अग्रवाल (29 साल) के तौर पर हुई है। वह मूल रूप से बउबाजार थाना अंतर्गत 9 बटा एक ए श्रीनाथ दास लेन का रहने वाला है।
बागुईहाटी थाना इलाके में है उसका घर है। स्ट्रैंड रोड पर 46 नंबर पेवमेंट के पास उसे संदिग्ध हालत में देखकर खुफिया टीम ने पकड़ा था।
बैग की तलाशी लेने पर उसमें से नकदी बरामद की गई थे। उसके पास इतनी अधिक मात्रा में धनराशि क्यों थी, इससे संबंधित कोई भी पुख्ता जवाब नहीं दे सका है। कोई पुख्ता दस्तावेज भी नहीं मिला, जिसके बाद इस रुपये को जब्त कर लिया गया है।
