मुजफ्फरनगर। नागरिकता संशोधन एक्ट (सीएए) के विरोध में 20 दिसम्बर को हुए बवाल में मारे गए नूर मोहम्मद के घर शनिवार को कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा पहुंच गई। इससे पहले उन्हें मुजफ्फरनगर और मेरठ पहुंचने से पुलिस ने रोक लिया था और वापस लौटा दिया था।
सीएए के विरोध में उत्तर प्रदेश समेत देश के कई हिस्सों में उपद्रवियों ने हिंसा की थी। इसमें मेरठ में छह और मुजफ्फरनगर में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। इन मृतकों के परिजनों से मिलने के लिए विपक्षी दलों के नेताओं का आने का सिलसिला जारी है। इससे पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा को पुलिस ने मुजफ्फरनगर और मेरठ में प्रवेश नहीं करने दिया था और वापस लौटा दिया था।
अब शनिवार को प्रियंका अचानक मुजफ्फरनगर में खालापार स्थित नूर मोहम्मद के घर पहुंची। प्रशासन व पुलिस को प्रियंका के आने का पता नहीं चल पाया। इसके साथ ही प्रियंका ने हिंसा प्रभावित मौलाना असद रजा के घर जाकर भी मुलाकात की। प्रियंका ने सीएए को लेकर लोगों का साथ देने का भरोसा दिलाया। उनके साथ कांग्रेस नेता इमरान मसूद, पूर्व विधायक पंकज मलिक, कांग्रेस जिलाध्यक्ष हरेंद्र त्यागी आदि भी मौजूद रहे।
