कोलकाता। दिल्ली के निजामुद्दीन मरकज से जमात के कार्यक्रम के बाद पश्चिम बंगाल में 303 लोग लौटे हैं। राज्य गृह विभाग के सूत्रों ने मंगलवार रात इसकी पुष्टि की है। इन सभी को राज्य प्रशासन ने चिह्नित कर राजरहाट न्यूटाउन हज हाउस में बनाए गए क्वॉरेंटाइन सेंटर में रखा है।
इसमें से पश्चिम बंगाल के 195 लोग हैं जिनमें से अधिकतर पुरुलिया, बांकुड़ा व पूर्व मेदिनीपुर सहित अन्य क्षेत्रों के रहने वाले हैं। बड़ी संख्या में विदेशी नागरिक भी हैं जो मलेशिया और थाईलैंड के हैं।
इसके अलावा दूसरे राज्यों के मौलवी भी निजामुद्दीन मरकज से भागकर पश्चिम बंगाल आए थे। इन लोगों ने राज्य के विभिन्न हिस्सों में मस्जिदों में शरण ली थी। सभी को ढूंढकर राज्य प्रशासन ने हज हाउस में क्वॉरेंटाइन किया है।
इन पर निगरानी रखी जा रही है। कई लोगों के नमूने संग्रहित कर जांच के लिए भेजे गए हैं ताकि कोरोना संक्रमण की पुष्टि की जा सके।
